मैच में शाट लगाते सरफराज खान (फाइल फोटो)
Sarfaraz Khan in Buchi Babu Tournament: मुंबई के लिए घरेलू क्रिकेट में रन बरसाने वाले सरफराज खान का जलवा एक बार फिर देखने को मिला है. 27 साल के इस दाएं हाथ के बल्लेबाज ने मंगलवार को बुच्ची बाबू इनविटेशनल टूर्नामेंट में हरियाणा के खिलाफ खेलते हुए एक और शानदार शतक जड़ दिया. यह शतक उन्होंने तीसरे सत्र में मात्र 99 गेंदों में पूरा किया, जो उनकी आक्रामक बल्लेबाजी शैली का एक और उदाहरण है.
सरफराज ने शतक पूरा करने के लिए हरियाणा के गेंदबाज ईशांत भारद्वाज की गेंद पर शानदार छक्का जड़ा. शतक पूरा करने के बाद उन्होंने हेलमेट उतारकर दर्शकों और टीम के साथियों का अभिवादन किया. हालांकि, वह ज्यादा देर टिक नहीं सके और 111 रन बनाकर पार्थ वत्स की गेंद पर आउट हो गए.
यह सरफराज का इस सीजन का दूसरा शतक है. इससे पहले उन्होंने टूर्नामेंट के ओपनिंग मैच में TNCA XI के खिलाफ नाबाद 138 रन बनाए थे, जिसमें उन्होंने 10 चौके और 6 छक्के जड़े थे. दोनों पारियों में सरफराज ने शुरुआत से ही आक्रामक तेवर दिखाए और गेंदबाजों को हावी होने का कोई मौका नहीं दिया.
हरियाणा के खिलाफ खेली गई पारी में सरफराज को बल्लेबाजी के दौरान क्रैम्प्स भी आए, लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी और मजबूती से खेलते रहे. इस जुझारूपन और निरंतर प्रदर्शन से उन्होंने टीम इंडिया के चयनकर्ताओं, खासकर चयन समिति के अध्यक्ष अजीत अगरकर और नए मुख्य कोच गौतम गंभीर को एक मजबूत संदेश भेजा है.
गौरतलब है कि सरफराज को इंग्लैंड के खिलाफ खेले गए एंडरसन-तेंदुलकर ट्रॉफी में मौका नहीं मिला था. लेकिन अब जब भारत की घरेलू सीरीज 2 अक्टूबर से वेस्ट इंडीज और फिर दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ शुरू हो रही है, तो उनके प्रदर्शन को नजरअंदाज करना चयनकर्ताओं के लिए आसान नहीं होगा. सरफराज खान फिलहाल जिस लय में हैं, उसे देखते हुए यह कहना गलत नहीं होगा कि वह भारतीय टेस्ट टीम में अपनी वापसी की दहलीज पर खड़े हैं.
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अकील होसेन और रोहित पौडेल ट्रॉफी के साथ पोज देते हुए
Nepal vs West Indies T20 Cricket Match: नेपाल ने शनिवार को क्रिकेट के अंतरराष्ट्रीय मंच पर इतिहास रच दिया. देश की क्रिकेट टीम ने दो बार के विश्व चैंपियन वेस्टइंडीज को पहले टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबले में 19 रन से हराया. यह नेपाल की किसी पूर्ण सदस्य देश के खिलाफ पहली जीत है. इससे पहले नेपाल ने 2014 में अफगानिस्तान को हराया था, लेकिन उस समय नेपाल केवल एसोसिएट सदस्य था.
शनिवार का मुकाबला नेपाल के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अब तक की सबसे बड़ी जीत साबित हुआ. यह जीत न केवल वेस्टइंडीज के खिलाफ उनके पहले टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच में आई, बल्कि यह किसी पूर्ण सदस्य देश के खिलाफ उनकी पहली द्विपक्षीय श्रृंखला की जीत भी थी.
बल्लेबाजी का न्योता मिलने पर नेपाल ने आठ विकेट खोकर 148 रन बनाए. मैच के शुरुआती ओवरों में वेस्टइंडीज के गेंदबाज अकील हुसैन और जेसन होल्डर ने शानदार शुरुआत करते हुए चौथे ओवर तक नेपाल का स्कोर दो विकेट पर 12 रन कर दिया. इसके बाद कप्तान रोहित पोडेल (38) और कुशल मल्ला (30) ने 58 रन की अहम साझेदारी करके नेपाल की पारी को संभाला. लेकिन वेस्टइंडीज के नवीन बिदाईसी ने दोनों को जल्दी-जल्दी आउट कर दिया.
कुशल मल्ला ने दो छक्के लगाकर रन गति में इजाफा किया, जबकि दीपेंद्र सिंह ऐरी (24) और गुलशन झा (22) ने भी उम्दा पारियां खेलीं. होल्डर ने 19वें ओवर में तीन विकेट चटकाए, लेकिन वेस्टइंडीज की टीम कुछ कैच टपकाने की वजह से नेपाल को आठ विकेट पर 148 रन बनाने में सफल होने से नहीं रोक सकी.
वेस्टइंडीज की पारी की शुरुआत खराब रही. नेपाल के कुशल भुर्तेल ने काइल मायर्स (05) को रन आउट किया. अकीम ऑगस्टे (15) ने दो छक्के लगाकर पलटवार किया, लेकिन नेपाल के स्पिनरों ने जल्दी ही रन गति पर ब्रेक लगा दिया. ललित राजवंशी ने छह रन देकर एक विकेट लिया, जबकि रोहित पोडेल ने 20 रन पर एक विकेट लेकर मध्य ओवरों में वेस्टइंडीज की पारी को काबू में किया.
इसके बाद दीपेंद्र ऐरी ने शानदार फील्डिंग करते हुए कीसी कार्टी (16) को रन आउट किया. होल्डर (05) भी भुर्तेल की गेंद पर आउट हो गए, जिससे कैरेबियाई टीम की जीत की उम्मीदें धूमिल हो गईं. हुसैन (18) और फैबियन एलेन (19) ने टीम को संघर्ष करने की कोशिश की, लेकिन नेपाल की जीत को रोक नहीं सके.
पाकिस्तान ने दुबई बांग्लादेश को किया पस्त
Ban Pak Match in Asia Cup 2025: दुबई अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में खेले गए एशिया कप सुपर-4 के महत्वपूर्ण मैच में पाकिस्तान ने बांग्लादेश को 11 रन से हरा दिया. इस जीत के साथ ही पाकिस्तान ने एशिया कप के फाइनल में जगह बना ली है, जहां 28 सितंबर को उसका सामना भारत से होगा.
136 रन के मामूली लक्ष्य का पीछा करने उतरी बांग्लादेश की टीम बल्लेबाजी में पूरी तरह फ्लॉप रही. टीम 20 ओवर में 9 विकेट के नुकसान पर केवल 124 रन ही बना सकी. बांग्लादेश की ओर से शमीम हुसैन 30 रन बनाकर सबसे ज्यादा रन बनाने वाले खिलाड़ी रहे. इसके अलावा सैफ हलन ने 18 और नुरुल हसन ने 16 रन बनाए. महेदी हसन ने भी 11 रन का योगदान दिया.
पाकिस्तान की जीत का मुख्य कारण बाएं हाथ के तेज गेंदबाज शाहीन अफरीदी रहे. अफरीदी ने गेंद और बल्ले दोनों से शानदार प्रदर्शन किया. उन्होंने मुश्किल हालात में टीम को संभाला और फाइनल का टिकट दिलाया. शाहीन अफरीदी ने 4 ओवर में केवल 17 रन देकर 3 महत्वपूर्ण विकेट झटके. इसके अलावा हारिस रऊफ ने 3, सईम अयूब ने 2 और नवाज ने 1 विकेट लिया.
बांग्लादेश ने टॉस जीतकर पहले पाकिस्तान को बल्लेबाजी के लिए आमंत्रित किया. पाकिस्तान की शुरुआत बेहद खराब रही और उसका टॉप ऑर्डर पूरी तरह फेल हो गया. साहिबजादा फरहान 4, सईम अयूब 0, फखर जमान 13, कप्तान बाबर आगा 19 और हुसैन तलत 3 रन बनाकर आउट हो गए. पाकिस्तान ने 49 के स्कोर पर अपने 5 विकेट गंवा दिए थे.
मध्यक्रम ने टीम को संभाला. विकेटकीपर बल्लेबाज मोहम्मद हारिस ने 23 गेंदों पर 31 रन बनाए. शाहीन अफरीदी ने 13 गेंदों में 19, पिछले मैच के हीरो मोहम्मद नवाज ने 15 गेंद में 25 और फहीम अशरफ ने 9 गेंद पर 14 रन की पारी खेल टीम को चुनौतीपूर्ण स्कोर तक पहुँचाया. पाकिस्तान ने 20 ओवर में 8 विकेट के नुकसान पर 135 रन बनाए.
बांग्लादेश के लिए तेज गेंदबाज तस्कीन अहमद ने 4 ओवर में 28 रन देकर 3 विकेट झटके. महेदी हसन ने 4 ओवर में 28 रन देकर 2 और रिशाद हुसैन ने 4 ओवर में 18 रन देकर 2 विकेट लिए. मुस्तफिजुर रहमान ने भी 4 ओवर में 33 रन देकर 1 विकेट निकाला. हार के साथ ही बांग्लादेश एशिया कप फाइनल की दौड़ से बाहर हो गई. सुपर-4 के मैच में उसने पहले श्रीलंका को हराया था, लेकिन भारत और पाकिस्तान से मिली हार ने टीम की फाइनल की उम्मीदों को समाप्त कर दिया.
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ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ शॉट लगातीं शतकवीर स्मृति मंधाना (espncricinfo)
Ind W Vs Aus W Match: भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने यादविन्द्र सिंह पीसीए स्टेडियम में खेले गए तीन वनडे मैचों की सीरीज के दूसरे मुकाबले में धमाकेदार प्रदर्शन करते हुए ऑस्ट्रेलिया को 102 रन से हराकर सीरीज में बराबरी कर ली है. इस जीत की सबसे बड़ी वजह सलामी बल्लेबाज स्मृति मंधाना की तूफानी बल्लेबाजी रही, जिन्होंने ऑस्ट्रेलियाई गेंदबाजों की बखिया उधेड़ते हुए शानदार शतक लगाया.
ऑस्ट्रेलिया ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया. भारत ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 49.5 ओवर में सभी विकेट खोकर 292 रन बनाए. टीम की शुरुआत शानदार रही और स्मृति मंधाना ने 91 गेंदों पर 4 छक्कों और 14 चौकों की मदद से 117 रन की नाबाद पारी खेली. उन्होंने सिर्फ 77 गेंदों में अपना शतक पूरा किया, जो भारतीय महिला क्रिकेट इतिहास का दूसरा सबसे तेज वनडे शतक है.
इससे पहले इस साल की शुरुआत में भी स्मृति मंधाना ने 70 गेंदों पर शतक लगाया था. मंधाना के करियर का यह 12वां वनडे शतक है. मंधाना के अलावा दीप्ति शर्मा ने 40, विकेटकीपर ऋचा घोष ने 29, प्रतिका रावल ने 25 और स्नेह राणा ने 24 रन की उपयोगी पारियां खेलीं. ऑस्ट्रेलिया के लिए डॉर्की ब्राउन ने 8 ओवर में 42 रन देकर सबसे ज्यादा 3 विकेट लिए, जबकि एश्ले गार्डनर ने 2 और मेगान स्कट, एनाबेल सदरलैंड व ताहिला मैक्ग्रा ने 1-1 विकेट लिया.
लक्ष्य का पीछा करने उतरी ऑस्ट्रेलियाई टीम 40.5 ओवर में 190 रन पर ढेर हो गई. एनाबेल सदरलैंड ने 45 और एल्सी पेरी ने 44 रन की सबसे बड़ी पारियाँ खेलीं, लेकिन बाकी बल्लेबाजों का साथ न मिलने से टीम हार गई. भारत की तरफ से क्रांति गौड़ ने घातक गेंदबाजी करते हुए 9.5 ओवर में 28 रन देकर 3 विकेट झटके. दीप्ति शर्मा ने 6 ओवर में 24 रन देकर 2 विकेट लिए.
रेणुका सिंह, स्नेह राणा, अरुंधति रेड्डी और राधा यादव ने 1-1 विकेट लेकर टीम की जीत में योगदान दिया. इस जीत ने भारतीय टीम का मनोबल बढ़ाया है और सीरीज अब रोमांचक मोड़ पर पहुंच गई है. मंधाना की धमाकेदार बल्लेबाजी और गेंदबाजों के सटीक प्रदर्शन ने साबित कर दिया कि टीम भारत को कोई भी चुनौती आसानी से नहीं हरा सकता. अब सबकी नजर तीसरे और निर्णायक मैच पर टिकी है.
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