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स्किन केयर में क्यों शामिल करने चाहिए चिया सीड्स? जानें एक्सपर्ट की राय

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फाइल फोटो

Chia Seeds: चिया सीड्स को आजकल सुपरफूड कहा जाता है, और इसकी वजह है इनमें मौजूद ढेर सारे पोषक तत्व. ये छोटे-छोटे बीज न सिर्फ आपकी सेहत के लिए अच्छे होते हैं, बल्कि स्किन की देखभाल में भी बेहद फायदेमंद हैं. ओमेगा-3 फैटी एसिड, एंटीऑक्सीडेंट और विटामिन से भरपूर चिया सीड्स आपकी त्वचा को अंदर से पोषण देते हैं और उसे स्वस्थ बनाते हैं.

स्किन के लिए चिया सीड्स क्यों फायदेमंद हैं?
चिया सीड्स में मौजूद ओमेगा-3 फैटी एसिड स्किन में नमी बनाए रखने में मदद करते हैं. साथ ही, इनमें भरपूर एंटीऑक्सीडेंट पाए जाते हैं जो स्किन को फ्री रेडिकल्स से बचाते हैं और उम्र के असर को कम करते हैं. इनके नियमित सेवन या स्किन पर इस्तेमाल से त्वचा कोमल, मुलायम और चमकदार बनती है.

घर पर बनाएं चिया सीड्स फेस मास्क
चिया सीड्स से बना फेस मास्क स्किन को गहराई से पोषण देता है. इसके लिए रातभर 1-2 चम्मच चिया सीड्स को पानी में भिगो दें. अगले दिन ये जेल जैसी बनावट में बदल जाते हैं. इस जेल को आप 1 चम्मच शहद या 1 चम्मच दही के साथ मिलाकर अपने चेहरे पर लगाएं. 15-20 मिनट बाद गुनगुने पानी से धो लें. यह मास्क स्किन को हाइड्रेट करता है, जिससे चेहरा तरोताजा और निखरा हुआ दिखता है.
 
DIY मॉइस्चराइजिंग मास्क
अगर आपकी त्वचा बहुत रूखी है, तो भीगे हुए चिया बीजों में मसला हुआ केला या एवोकाडो मिलाकर एक और असरदार फेस मास्क बना सकते हैं. केले और एवोकाडो में विटामिन A, C और E होते हैं, जो स्किन को मुलायम और ग्लोइंग बनाते हैं.

चिया सीड्स को फेस स्क्रब की तरह कैसे इस्तेमाल करें?
चिया सीड्स एक बेहतरीन नेचुरल एक्सफोलिएटर भी हैं. आप पिसे हुए चिया बीजों को नारियल तेल या जैतून तेल में मिलाकर हल्के हाथों से चेहरे पर मालिश करें. इससे डेड स्किन हटती है और त्वचा साफ और फ्रेश लगती है.


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Written by: Taushif

09 Aug 2025  ·  Published: 07:07 IST

बेहतर नींद के लिए दो आसान उपाय, जिंदगी में आएगा सकारात्मक बदलाव

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अगर आप खराब नींद से परेशान हैं, तो याद रखें, आप अकेले नहीं हैं. दुनिया भर में लाखों लोग क्रोनिक इंसोम्निया से परेशान हैं. लेकिन अब रिसर्च से पता चला है कि सोने से पहले हल्की-फुल्की एक्टिविटीज़ से नींद की क्वालिटी बेहतर हो सकती है. 2019 की एक स्टडी में पाया गया कि सोने से पहले किताब पढ़ने से दिमाग शांत होता है, ज़्यादा सोचने की आदत धीमी होती है, और शरीर और दिमाग को आराम मिलता है, जिससे दिमाग नींद के लिए तैयार होता है.

यह नतीजा 991 लोगों के एक ऑनलाइन रीडिंग ट्रायल से निकाला गया. दिसंबर 2019 में कुल 991 लोगों ने द रीडिंग ट्रायल में हिस्सा लिया, जिनमें से आधे (496) इंटरवेंशन ग्रुप (जिन्होंने ट्रायल में हिस्सा लिया था) में थे और आधे (495) कंट्रोल ग्रुप में थे. सभी ने ट्रायल पूरा नहीं किया: इंटरवेंशन ग्रुप में 127 और कंट्रोल ग्रुप में 90 ने हिस्सा नहीं लिया.

नतीजे पॉजिटिव थे. जिन लोगों ने रीडिंग ट्रायल में हिस्सा लिया, उनकी नींद में काफी सुधार हुआ. इसी तरह, ताई ची (चीनी मार्शल आर्ट)—एक धीमी, बैलेंस्ड, मेडिटेटिव एक्सरसाइज—भी नींद सुधारने के लिए बहुत फायदेमंद साबित हुई है। 2025 में पब्लिश हुई एक स्टडी (अमेरिकन एकेडमी ऑफ़ स्लीप मेडिसिन) में 50 साल और उससे ज़्यादा उम्र के 200 लोग शामिल थे, जिन्हें क्रोनिक इंसोम्निया था.

इसमें पाया गया कि ताई ची और कॉग्निटिव बिहेवियरल थेरेपी (CBT-I) दोनों ने इंसोम्निया से राहत दिलाने में अहम भूमिका निभाई. CBT-I शुरू में बेहतर लगा, लेकिन 15 महीने बाद, ताई ची ने नींद में लगभग उतना ही सुधार किया. इससे पता चला है कि ताई ची लंबे समय के लिए एक अच्छा ऑप्शन है. ताई ची के फायदे सिर्फ़ नींद तक ही सीमित नहीं हैं. यह एंग्जायटी, डिप्रेशन, थकान और दिन में नींद आने से भी राहत दिलाने में मदद करता है.

तो अगर आप अपनी रोज़मर्रा की ज़िंदगी के स्ट्रेस, लंबे काम के घंटों, स्क्रीन टाइम, आँखों और दिमाग की थकान, या बेचैन विचारों के साथ सोते हैं, तो सोने से पहले कुछ लाइनें पढ़ना और ताई ची की प्रैक्टिस करना आपकी नींद की क्वालिटी में फ़र्क ला सकता है और सबसे अच्छी बात इनमें दवा नहीं लगती, इनके कोई साइड इफ़ेक्ट नहीं होते और ये सस्ते भी होते हैं.


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Written by: Taushif

02 Dec 2025  ·  Published: 01:38 IST

सर्दियों में आटे में मिलाएं पांच पोषण भरी चीजें, स्वाद और सेहत दोनों के मिलेंगे फायदे

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Winter Diet Tips: सर्दियों में शरीर को गर्म, मजबूत और सेहतमंद बनाए रखना बेहद ज़रूरी होता है. ठंड के मौसम में शरीर की इम्यूनिटी कमज़ोर पड़ जाती है, जिससे सर्दी-जुकाम, जोड़ों का दर्द और त्वचा की रूखापन जैसी समस्याएं बढ़ जाती हैं. ऐसे में अगर आप रोज़ की रोटियों को थोड़ा हेल्दी बना लें, तो ये सर्दी में एक तरह की प्राकृतिक औषधि का काम कर सकती हैं. रोटियां हर घर की थाली का हिस्सा होती हैं, और अगर इन्हीं में कुछ खास चीजें मिला दी जाएं, तो स्वाद और सेहत दोनों के फायदे मिलते हैं.

सोंठ पाउडर (सूखा अदरक)
सर्दियों में सोंठ का सेवन बेहद फायदेमंद माना गया है. इसमें मौजूद जिंजरोल और शोगोल जैसे तत्व शरीर में गर्माहट बनाए रखते हैं और सर्दी-जुकाम से बचाते हैं. इसके एंटीऑक्सीडेंट गुण इम्यूनिटी को मजबूत करते हैं. अगर आप रोज़ के आटे में आधा या एक चम्मच सोंठ पाउडर मिला लें, तो रोटियां हल्की मसालेदार होने के साथ शरीर को अंदर से गर्म रखती हैं.

मेथी पाउडर
सर्दियों में मेथी का सेवन जोड़ों के दर्द और गठिया की समस्या में बहुत असरदार होता है. मेथी में मौजूद सैपोनिन और फ्लेवोनॉयड्स शरीर की सूजन को कम करते हैं. साथ ही, यह ब्लड शुगर को कंट्रोल करने और पाचन को सुधारने में मदद करती है. आटे में 1-2 चम्मच मेथी पाउडर मिलाने से रोटियां थोड़ी कड़वी लग सकती हैं, लेकिन यही कड़वाहट शरीर को गर्मी और ऊर्जा देती है.

अजवाइन पाउडर
ठंड में गैस और पेट फूलने की समस्या आम है. अजवाइन इसमें राहत देती है. इसमें मौजूद थाइमोल नामक तत्व पाचन एंजाइम्स को सक्रिय करता है, जिससे खाना जल्दी पचता है और पेट की परेशानी दूर होती है. आटे में एक चम्मच अजवाइन पाउडर मिलाने से रोटियां स्वादिष्ट और पेट के लिए फायदेमंद बनती हैं.

तिल पाउडर
तिल को सर्दियों का सुपरफूड कहा जाता है. इसमें कैल्शियम, आयरन, जिंक और हेल्दी फैट्स होते हैं जो हड्डियों और त्वचा के लिए फायदेमंद हैं. तिल में मौजूद सेसमोलिन और सेसामोलिन तत्व एंटीऑक्सीडेंट की तरह काम करते हैं और ठंड से बचाते हैं. आटे में 2-3 चम्मच तिल का पाउडर डालकर रोटियां बनाना बेहद फायदेमंद होता है.
 


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Written by: Taushif

13 Nov 2025  ·  Published: 22:42 IST

क्या एलोवेरा रगड़ने से गंजापन दूर हो सकता है? जानिए सच

प्रतीकात्मक फोटो

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Aloe Vera for Hair Growth: हर कोई चाहता है कि उसके बाल लंबे, घने और चमकदार हों. इसके लिए लोग महंगे शैंपू, सीरम और ट्रीटमेंट्स तक आजमाते हैं. सोशल मीडिया पर भी कई देसी नुस्खे वायरल हैं, जिनमें सिर पर एलोवेरा जेल रगड़ना सबसे पॉपुलर है. कहा जाता है कि इससे बाल झड़ना रुकता है और नए बाल उग आते हैं. लेकिन क्या ये सच है? आइए जानते हैं.

एलोवेरा बालों के लिए फायदेमंद क्यों है?
एलोवेरा एक हरा पौधा है, जिसकी पत्तियों में ठंडी और चिपचिपी जेल होती है. इस जेल में विटामिन A, C, E, B12, जिंक और मैग्नीशियम जैसे मिनरल्स पाए जाते हैं. इसी वजह से इसका इस्तेमाल स्कैल्प की खुजली, डैंड्रफ और बालों को मुलायम बनाने के लिए किया जाता है. एलोवेरा सिर को ठंडक और पोषण देता है, जिससे बाल स्वस्थ दिखते हैं.

क्या एलोवेरा से दोबारा बाल उग सकते हैं?
अब तक की किसी भी रिसर्च ने ये साबित नहीं किया है कि एलोवेरा रगड़ने से गंजेपन की जगह बाल दोबारा उग आते हैं. एलोवेरा बालों की जड़ों को मजबूत करता है और स्कैल्प हेल्थ को बेहतर बनाता है, जिससे हेयर ग्रोथ को सपोर्ट तो मिलता है, लेकिन यह कोई जादुई उपाय नहीं है जो गंजापन खत्म कर दे.

कैसे लगाएं एलोवेरा जेल?

ताजी एलोवेरा पत्ती काटकर उसका जेल निकाल लें.

सिर की स्कैल्प पर हल्के हाथों से 5 मिनट मसाज करें.

इसे 30–45 मिनट तक रहने दें.

फिर हल्के शैंपू से धो लें.

हफ्ते में 2-3 बार यह उपाय दोहराएं.

धीरे-धीरे बालों में चमक और मुलायमपन नजर आने लगेगा.

सावधानियां ज़रूर बरतें

एलोवेरा सबकी स्किन के लिए सूटेबल नहीं होता, इसलिए पहले पैच टेस्ट करें.

अगर आप किसी मेडिकल हेयर ट्रीटमेंट (जैसे मिनॉक्सिडिल) पर हैं, तो डॉक्टर की सलाह जरूर लें.

याद रखें, बालों की ग्रोथ में डाइट, हेल्थ और जेनेटिक्स का भी बड़ा रोल होता है.

नोटे:-  एलोवेरा सिर की स्किन को ठंडक देता है, खुजली और डैंड्रफ को कम करता है और बालों को स्मूद बनाता है. लेकिन सिर्फ एलोवेरा से गंजापन दूर नहीं हो सकता. ये एक सस्ता और असरदार नेचुरल हेयर केयर उपाय जरूर है, मगर कोई चमत्कार नहीं है.


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Written by: Taushif

05 Nov 2025  ·  Published: 10:49 IST